भोपाल से शातिर साइबर ठग गिरफ्तार, ED–CBI के नाम पर टीचर को डिजिटल अरेस्ट कर की थी 10.50 लाख की ठगी 
धनबाद से चैनल हेड सोनू कुमार की रपोर्ट
धनबाद।
डिजिटल अरेस्ट के जरिए ठगी करने वाले साइबर अपराधियों के खिलाफ धनबाद साइबर पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने 10 लाख 50 हजार रुपये की ठगी करने वाले एक शातिर साइबर ठग को मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से गिरफ्तार किया है।
गिरफ्तार अपराधी की पहचान 26 वर्षीय अरुण अहिरवार के रूप में हुई है, जो मध्य प्रदेश के विदिशा जिला का रहने वाला है। पुलिस ने उसके पास से एक मोबाइल फोन और दो सिम कार्ड बरामद किए हैं।
ED और CBI के नाम पर किया डिजिटल अरेस्ट
ग्रामीण एसपी कपिल चौधरी ने साइबर थाना में प्रेस वार्ता कर बताया कि
8 जनवरी को टुंडी थाना क्षेत्र के गादी गांव निवासी, प्रतिष्ठित निजी स्कूल के 73 वर्षीय रिटायर्ड शिक्षक सेबेस्टियन होरो को साइबर ठगों ने डिजिटल अरेस्ट किया था।
अपराधियों ने खुद को ED और CBI अधिकारी बताकर व्हाट्सएप पर फर्जी दस्तावेज भेजे और शिक्षक को मनी लॉन्ड्रिंग केस में फंसाने की धमकी दी।
दो दिनों तक घर में कैद रहने को किया मजबूर
ठगों ने व्हाट्सएप कॉल के जरिए शिक्षक को धमकाया कि अगर वे घर से बाहर निकले तो पुलिस उन्हें गिरफ्तार कर लेगी। इस डर से पीड़ित दो दिनों तक अपने ही घर में कैद रहा।
घबराकर शिक्षक ने दो बार में कुल 10 लाख 50 हजार रुपये अपराधियों के खाते में ट्रांसफर कर दिए।
SIT गठित कर आरोपी तक पहुंची पुलिस
पीड़ित की शिकायत पर साइबर थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई, जिसके बाद एक विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया गया।
टेक्निकल जांच के आधार पर पुलिस की टीम भोपाल पहुंची और आरोपी को गिरफ्तार किया।
फर्जी खातों से निकाली रकम
जांच में सामने आया कि आरोपी ने फर्जी दस्तावेजों के आधार पर अलग-अलग कंपनियों के नाम पर करंट अकाउंट खुलवाए।
इन खातों से इंडियन बैंक के एक खाते के जरिए 5 लाख रुपये चेक से निकालकर अपने साथियों में बांट दिए।
ग्रामीण एसपी ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी ने अपने अन्य साथियों के नाम का भी खुलासा किया है और जल्द ही पूरे गिरोह को गिरफ्तार किया जाएगा।
